लहसुन के नियमित प्रयोग रखे रोगों से दूर
लहसुन एक ऐसा द्रव्य है जो लगभग हर घर की रसोई में मौजूद रहता है। एक सदियों से हमारे भोजन का एक अभिन्न अंग है। प्राचीन भारत में लहसुन का इस्तेमाल औषधीय और भूख बढ़ाने वाले फायदों के लिए किया जाता था। लहसुन में एंटी-बैक्टीरियल, एंटी-वायरल, एंटीफंगल और एंटीऑक्सीडेंट गुण पाए जाते हैं। इसमें एलीसीन और दूसरे सल्फर यौगिक मौजूद होते हैं जो इसके एंटी-बैक्टीरियल, एंटी-वायरल, एंटीफंगल जैसे गुणों के लिए उत्तरदायी होते है।
आचार्य भावमिश्र ने प्राचीन ग्रंथ भावप्रकाश में लहसुन के संदर्भ में बताया है की लहसुन में मधुर , लवण, कटु, तिक्त और कषाय रस मौजूद हैं। इसमें सिर्फ अम्ल यानी खट्टा स्वाद नहीं मिलता है।

क्यो इसका नियमित सेवन करना चाहिए?
लहसुन स्वास्थ्य के लिए बहुत ही उपयोगी होता है। इसकी प्रकृति उष्ण होती है। इसलिए इसके सेवन सावधानी पूर्वक करना चाहिए। बहुत गर्म मौसम में इसका प्रयोग नही करना चाहिए। अब इसके सेवन से क्या फायदे है इसको जानते है चौकाघाट स्थित राजकीय स्नातकोत्तर आयुर्वेद महाविद्यालय एवं चिकित्सालय , वाराणसी के कायचिकित्सा एवं पंचकर्म विभाग के डॉ अजय कुमार से

लहसुन के फायदे–
1. लहसुन हृदय के लिए अच्छा माना जाता है। इससे रक्त परिसंचरण में सुधार लाने, कोलेस्ट्रॉल को कम करने और हृदय रोग को रोकने में मदद मिलती है।
2. यह एथेरोस्क्लेरोसिस (धमनियों के सख्त होने ) की गति को धीमा कर देता है। यह दिल के दौरे या स्ट्रोक के जोखिम को कम करने में भी सहायक है। रोजाना सुबह-सुबह 1 या 2 क्रश किए हुए लहसुन का सेवन करना चाहिए।
3. उच्च रक्तचाप से पीड़ित लोगों को रोजाना कुछ लहसुन की कलियों को खाली पेट खाना चाहिए।
4. गठिया यानी जोड़ो का दर्द एक ऐसी बीमारी है जो आपको जीवन में किसी भी आयु या चरण में प्रभावित कर सकती है। लहसुन में एंटीइंफ्लेमेट्री गुण पाए जाते हैं, जो गठिया के दर्द में फायदेमंद होते हैं।
5. लहसुन एंटी-बायोटिक और एंटी-वायरल गुणयुक्त होता है।यह सर्दी और खांसी में अद्भुत लाभ देता है। इससे ऊपरी श्वसन संक्रमण की गंभीरता भी कम होती है।
6. लहसुन, बंद नाक, छींकें आना और आंख से पानी आने जैसे एलर्जी के लक्षणों से आराम दिलाने और उन्हें ठीक करने में मदद करता है।
7. लहसुन पाचन शक्ति को बढ़ाने के लिए प्राचीन काल से ही प्रयोग किया जाता है। इसके प्रयोग से पेट की समस्या, कब्ज आदि भी दूर हो जाते है।
